आरजेडी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में एक अहम फैसला लिया गया है। तेजस्वी यादव को पार्टी का राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह फैसला तेजस्वी यादव के लिए बड़ी जिम्मेदारी और उपलब्धि माना जा रहा है। वहीं दूसरी ओर, उनकी बहन रोहिणी आचार्य ने एक बार फिर सोशल मीडिया के जरिए बिना नाम लिए उन पर निशाना साधा है। रोहिणी आचार्य ने इसे “कठपुतली बने शहजादे की ताजपोशी” करार दिया है।
कहां हुई बैठक?
आरजेडी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की यह बैठक पटना स्थित होटल मौर्या में आयोजित की गई। बैठक में राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य, सभी प्रदेश इकाइयों के प्रदेश अध्यक्ष, सांसद, विधायक और विधान परिषद के सदस्य शामिल हुए। कई राज्यों के प्रदेश अध्यक्ष और राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य एक दिन पहले ही पटना पहुंच गए थे।
तेजस्वी यादव को राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने के प्रस्ताव पर आरजेडी सुप्रीमो और राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव के साथ-साथ राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्यों ने अंतिम मुहर लगाई।
इस बैठक में लालू यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव और मीसा भारती मौजूद रहे।
रोहिणी आचार्य ने क्या पोस्ट किया?
रोहिणी आचार्य ने अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट करके कहा, “सियासत के शिखर-पुरुष की गौरवशाली पारी का एक तरह से पटाक्षेप, ठकुरसुहाती करने वालों और “गिरोह-ए-घुसपैठ” को उनके हाथों की “कठपुतली बने शहजादा” की ताजपोशी मुबारक ..”
बिहार विधानसभा चुनाव में आरजेडी की हार के बाद लालू परिवार की कलह सामने आई थी। लालू यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने अपने एक्स हैंडल के जरिए अपने भाई तेजस्वी यादव पर गंभीर आरोप लगाए थे और उनकी आलोचना की थी।
इसके बाद से रोहिणी आचार्य लगातार सोशल मीडिया पर एक्टिव रहती हैं और अपने भाई का नाम लिए बिना उन पर निशाना साधती हैं। इससे पहले उन्होंने लिखा था, “नेतृत्व की जिम्मेदारी संभाल रहे को सवालों से भागने, सवालों से बचने, जवाब देने से मुंह चुराने, तार्किक-तथ्यात्मक जवाब देने की बजाए भ्रम फैलाने, लालूवाद व पार्टी की हित की बात करने वालों के साथ दुर्व्यवहार, अभद्र आचरण, अमर्यादित भाषा का प्रयोग करने की बजाए अपने गिरेबान में झांकना होगा और अगर वो चुप्पी साधता है, तो उस पर साजिश करने वाले गिरोह के साथ मिलीभगत का दोष व आरोप स्वतः ही साबित होता है।”
















