सेहतमंद रहने के लिए शरीर को प्रोटीन और मिनरल्स की जरूरत होती है। वेजिटेरियन लोगों के लिए पनीर प्रोटीन का प्रमुख स्रोत माना जाता है। वहीं, आजकल टोफू भी लोगों की डाइट में तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। पनीर और टोफू दिखने में एक जैसे लगते हैं, इसलिए अक्सर लोग इन्हें एक ही समझ लेते हैं। लेकिन सवाल यह है कि पनीर और टोफू में से सेहत के लिए कौन ज्यादा फायदेमंद है। आइए जानते हैं इसके बारे में।
पनीर के फायदे और नुकसान
प्रोटीन का पावरहाउस: पनीर में टोफू के मुकाबले लगभग दोगुना प्रोटीन होता है, जो मसल बिल्डिंग में मददगार साबित होता है।
कैल्शियम: हड्डियों की मजबूती के लिए पनीर एक नेचुरल और रिच सोर्स है।
स्वाद: भारतीय पैलेट के लिए पनीर का स्वाद ज्यादा क्रीमी और जाना-पहचाना होता है।
इस बात का रखें ध्यान: इसमें सैचुरेटेड फैट और कैलोरी ज्यादा होती है, इसलिए वजन घटाने वालों को इसकी मात्रा पर ध्यान देना चाहिए।
टोफू के फायदे और नुकसान
वेट लॉस: अगर आप कैलोरी डेफिसिट पर हैं, तो टोफू बेस्ट है क्योंकि इसमें कैलोरी बहुत कम होती है।
हार्ट हेल्थ: टोफू में ‘आइसोफ्लेवोन्स’ होते हैं और कोलेस्ट्रॉल जीरो होता है, जो दिल की बीमारियों के जोखिम को कम करता है।
वीगन और लैक्टोज फ्री: जिन लोगों को दूध से एलर्जी है, उनके लिए टोफू बेस्ट ऑप्शन है।
ध्यान देने वाली बातें: इसका स्वाद थोड़ा फीका होता है और यह पनीर जितना ‘फिलिंग’ महसूस नहीं हो सकता।
क्या है सेहत के लिए बेस्ट?
अगर आप जिम जाते हैं और बॉडी बनाना चाहते हैं तो पनीर बेहतर है क्योंकि इसमें प्रोटीन की मात्रा अधिक होती है।
अगर आप वजन घटाना चाहते हैं या कोलेस्ट्रॉल कम करना चाहते हैं तो टोफू एक स्मार्ट चॉइस है।
अगर आप वीगन डाइट फॉलो करते हैं तो टोफू आपके लिए बेस्ट है।
डिस्क्लेमर: (इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। दिन का भास्कर किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।)
















