छत्तीसगढ़ के 60 लाख से अधिक बिजली उपभोक्ताओं के लिए गर्मी से पहले बड़ा झटका आने वाला है। नए वित्तीय वर्ष के साथ ही बिजली की दरों (टैरिफ) में बढ़ोतरी लगभग तय मानी जा रही है। छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी (सीएसपीडीसीएल) के 7000 करोड़ रुपए के घाटे को पूरा करने के लिए विद्युत नियामक आयोग अगले सप्ताह नई दरों की घोषणा कर सकता है।
सूत्रों की मानें तो आयोग घरेलू और अन्य सभी श्रेणियों के उपभोक्ताओं के लिए प्रति यूनिट 20 से 25 पैसे तक की वृद्धि कर सकता है। सीएसपीडीसीएल ने शुरुआत में 24 प्रतिशत तक बढ़ोतरी का प्रस्ताव दिया था, लेकिन जनसुनवाई और समीक्षा के बाद इसे केवल 5 से 6 प्रतिशत तक सीमित रखने की संभावना है। पिछले साल भी औसतन प्रति यूनिट 13 पैसे बढ़ाए गए थे।
इस बार आयोग उच्च दाब और निम्न दाब कनेक्शनों के लिए अलग रणनीति अपना सकता है। औद्योगिक और उच्च दाब वाले उपभोक्ताओं पर बढ़ोतरी का बोझ कम रखा जा सकता है, जबकि घरेलू और छोटे व्यवसायिक उपभोक्ताओं के लिए थोड़ी अधिक वृद्धि हो सकती है।
गत वर्ष भी सीएसपीडीसीएल ने नियामक आयोग को करीब 4550 करोड़ का नुकसान दिखाया था, जिसके चलते औसतन 13 पैसे प्रति यूनिट बढ़ोतरी की गई थी। जून 2024 में भी बिजली दरों में 20 पैसे प्रति यूनिट का इजाफा किया गया था।
यूनिट- वर्तमान टैरिफ दरें
- 0-100- 4.10 रुपए प्रति यूनिट
- 101-200- 4.20 रुपए प्रति यूनिट
- 201-400- 5.60 रुपए प्रति यूनिट
- 401-600- 6.60 रुपए प्रति यूनिट
- 601 से ज्यादा- 8.30 रुपए प्रति यूनिट
- प्रदेशभर के कुल उपभोक्ता
- घरेलू उपभोक्ता- 48 लाख
- उच्च दाब- 4151
- गैर घरेलू (कमर्शियल)- करीब 5 लाख सभी श्रेणी
- कृषि पम्प उपभोक्ता- करीब 8 लाख
सीएसपीडीसीएल ने 7000 रुपए करोड़ का नुकसान दिखाया है। जनसुनवाई पूरी हो चुकी है और अब हम बिजली कंपनी के प्रस्ताव व उपभोक्ताओं के हितों का विश्लेषण कर रहे हैं। टैरिफ दरों पर अगले सप्ताह तक अंतिम फैसला ले लिया जाएगा।
















