छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में GATE परीक्षा के दौरान नकल कराने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। क्राइम ब्रांच की टीम ने कार्रवाई करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह हरियाणा से आकर परीक्षा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के जरिए नकल करवा रहा था।
पुलिस को परीक्षा पर्यवेक्षकों से संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिली थी, जिसके बाद एक विशेष टीम गठित कर सरोना स्थित परीक्षा केंद्र पर छापा मारा गया। यहां से गिरोह के सदस्यों को रंगे हाथों पकड़ा गया। गिरफ्तार आरोपियों में झज्जर के दर्शन सहवाग और सुमित सहवाग, फतेहाबाद के लक्ष्मीनारायण उर्फ लक्की, अमर और बंटी कुमार, तथा हिसार के नरेंद्र कुमार शामिल हैं।
आरोपियों के पास से 3 ब्लूटूथ ईयर डिवाइस, 4 इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस, 8 मोबाइल फोन, 3 सिम कार्ड और अन्य नकल से जुड़े उपकरण जब्त किए गए हैं।
2 लाख रुपये में पास कराने का सौदा
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी ब्लूटूथ डिवाइस के जरिए बाहर बैठे लोगों से जुड़े थे। प्रश्नपत्र मिलने के बाद बाहर बैठे साथी इंटरनेट के माध्यम से उत्तर ढूंढकर परीक्षार्थियों को बताते थे। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे बीटेक पास हैं और प्रत्येक छात्र से करीब 2 लाख रुपये लेकर परीक्षा पास कराने का ठेका लिया गया था।
पहले से थी पुलिस को सूचना
पुलिस को पहले ही जानकारी मिल गई थी कि परीक्षा के दौरान हाईटेक तरीके से नकल कराने की योजना बनाई जा रही है। इसके बाद टीम ने परीक्षा केंद्र के आसपास निगरानी बढ़ा दी और संदिग्ध युवकों को पकड़कर पूछताछ की। उनकी निशानदेही पर अंदर परीक्षा दे रहे अभ्यर्थियों को भी पकड़ा गया, जिनके पास से ब्लूटूथ डिवाइस बरामद हुई।
आरोपियों को जेल भेजा गया
पुलिस का कहना है कि इस गिरोह में और भी लोग शामिल हो सकते हैं, जिसकी जांच जारी है। आगामी परीक्षाओं को देखते हुए सुरक्षा बढ़ा दी गई है। सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।















