• Privacy Policy
  • About Us
Friday, March 20, 2026
Din ka Bhaskar
  • Home
  • छत्तीसगढ़
  • रायगढ़
  • देश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • राजनीतिक
  • राशिफल
  • शिक्षा
  • अन्य
  • Home
  • छत्तीसगढ़
  • रायगढ़
  • देश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • राजनीतिक
  • राशिफल
  • शिक्षा
  • अन्य
No Result
View All Result
Din Ka Bhaskar
No Result
View All Result
Home छत्तीसगढ़

अचल संपत्ति की रजिस्ट्री पर 0.60 प्रतिशत उपकर समाप्त,अचल संपत्ति रजिस्ट्री पर उपकर समाप्त- आम नागरिकों को बड़ी राहत – मुख्यमंत्री साय

Amish Kumari by Amish Kumari
March 20, 2026
in छत्तीसगढ़
मुख्यमंत्री साय ने भारतीय नौसेना दिवस की दी शुभकामनाएं
Share on FacebookShare on WhatsappShare on Whatsapp Telegram

रायपुर, 20 मार्च 2026

 

READ ALSO

भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध बनाने के लिए कर्मचारी चयन मंडल का गठन– मुख्यमंत्री साय

छत्तीसगढ़ में जल क्रांति का नया अध्याय: जल जीवन मिशन 2.0 पर ऐतिहासिक एमओयू

छत्तीसगढ़ विधानसभा ने छत्तीसगढ़ उपकर (संशोधन) विधेयक, 2026 को आज ध्वनिमत से पारित कर दिया। इस विधेयक के पारित होने से अचल संपत्ति की रजिस्ट्री पर बाजार मूल्य के आधार पर लगाया जाने वाला 0.60 प्रतिशत उपकर समाप्त हो गया है। वाणिज्यिक कर मंत्री श्री ओ पी चौधरी ने बताया कि इस निर्णय से प्रदेश के आम नागरिकों, किसानों, मध्यमवर्गीय परिवारों तथा संपत्ति के क्रय-विक्रय से जुड़े लाखों लोगों को सीधा लाभ मिलेगा।

 

छत्तीसगढ़ उपकर समाप्त होने से अब संपत्ति पंजीयन की लागत में कमी आएगी। उदाहरण के तौर पर एक करोड़ रुपये के बाजार मूल्य की संपत्ति पर नागरिकों को लगभग 60 हजार रुपये की सीधी बचत होगी, इससे जमीन-मकान की रजिस्ट्री अधिक सुलभ, सरल और कम खर्चीली बनेगी। इस अवसर पर विधानसभा में विधेयक प्रस्तुत करते हुए मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि यह विधेयक केवल एक विधिक संशोधन नहीं, बल्कि राज्य सरकार की जनहित, लोककल्याण और कर-व्यवस्था में न्यायपूर्ण सुधार के प्रति प्रतिबद्धता का सशक्त प्रतीक है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार का स्पष्ट मत है कि शासन का उद्देश्य केवल राजस्व अर्जित करना नहीं, बल्कि जनता के जीवन को सरल, सुलभ और सम्मानजनक बनाना है।

 

वाणिज्यिक कर मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार ने सितंबर 2025 में जीएसटी 2.0 के माध्यम से आम जनता के उपयोग की वस्तुओं एवं सेवाओं पर व्यापक कर रियायतें प्रदान कीं, जिससे आम नागरिकों की निर्वाह लागत में कमी आई। इसी क्रम में पंजीयन विभाग में भी अनेक ऐतिहासिक, व्यावहारिक और जनहितकारी सुधार किए गए हैं, जिनका उद्देश्य आम जनता पर आर्थिक बोझ कम करना और सेवाओं को सरल बनाना है। उन्होंने बताया कि स्वतः नामांतरण व्यवस्था आम जनता के लिए अत्यंत राहतकारी सिद्ध हुई है। पंजीयन के बाद तत्काल नामांतरण होने से पक्षकारों को आर्थिक बचत के साथ-साथ महीनों चलने वाली नामांतरण प्रक्रिया से मुक्ति मिली है। मई 2025 से अब तक लगभग डेढ़ लाख दस्तावेजों का स्वतः नामांतरण सफलतापूर्वक किया जा चुका है।

 

पंजीयन प्रणाली को अधिक सुदृढ़ और पारदर्शी बनाने के लिए सुगम मोबाइल ऐप विकसित किया गया है, जो संपत्ति की सही भौगोलिक स्थिति सुनिश्चित करने में सहायक है। साथ ही, फर्जी व्यक्ति द्वारा पहचान छुपाकर पंजीयन न कराया जा सके, इसके लिए पंजीयन कार्यालयों में आधार आधारित सत्यापन की व्यवस्था भी लागू की गई है। नागरिकों की सुविधा के लिए विभाग द्वारा पंजीयन कार्यालयों को बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के वीजा ऑफिस की तर्ज पर सर्वसुविधायुक्त बनाया जा रहा है। इसके अंतर्गत नागरिकों को वातानुकूलित प्रतीक्षालय, स्वच्छ पेयजल, साफ-सुथरे शौचालय, निःशुल्क वाई-फाई तथा क्यू-आधारित त्वरित पंजीयन जैसी सुविधाएँ उपलब्ध कराई जा रही हैं। वर्तमान में 10 पंजीयन कार्यालयों को पीपीपी मोड पर स्मार्ट पंजीयन कार्यालय के रूप में विकसित किया जा रहा है, जिसके बाद अन्य कार्यालयों को भी चरणबद्ध रूप से स्मार्ट कार्यालय बनाया जाएगा।

श्री चौधरी ने बताया कि सरकार ने पंजीयन शुल्क निर्धारण की व्यवस्था में सुधार किया है। पहले संपत्ति के पंजीयन में गाइडलाइन मूल्य एवं बाजार मूल्य से जो अधिक होता था, उसी पर शुल्क लिया जाता था। अब इस व्यवस्था को बदलते हुए पंजीयन शुल्क को आपसी लेनदेन की कीमत के बजाय गाइडलाइन मूल्य से जोड़ा गया है, इससे बड़ी संख्या में परिवारों को राहत मिली है। उदाहरण स्वरूप यदि किसी संपत्ति का गाइडलाइन मूल्य 10 लाख रुपये है, लेकिन दस्तावेज में बैंक ऋण आदि के कारण 25 लाख रुपये अंकित हैं, तो अब शुल्क केवल 10 लाख रुपये पर ही लगेगा। इस निर्णय से राज्य सरकार ने लगभग 170 करोड़ रुपये के राजस्व का त्याग किया है।

 

श्री चौधरी ने बताया कि पहले परिवारजनों के मध्य दान, बंटवारा और हक-त्याग जैसी रजिस्ट्रियों पर बाजार मूल्य का 0.8 प्रतिशत पंजीयन शुल्क लिया जाता था, जिसे सरकार ने घटाकर मात्र 500 रुपये कर दिया है, चाहे संपत्ति का मूल्य कितना भी हो। उदाहरण के तौर पर, एक करोड़ रुपये की संपत्ति के दान पर पहले 80 हजार रुपये शुल्क लगता था, जो अब केवल 500 रुपये रह गया है, इससे सामान्य परिवारों और किसानों को व्यापक राहत मिली है।

 

गाइडलाइन मूल्य निर्धारण में भी व्यापक जनहितकारी सुधार किए गए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में छोटी भूमि पर भी अत्यधिक मूल्यांकन की स्थिति को समाप्त करते हुए वर्गमीटर आधारित मूल्यांकन व्यवस्था खत्म कर दी गई है और अब मूल्यांकन हेक्टेयर दर से किया जा रहा है, इससे आम जनता को 300 से 400 करोड़ रुपये तक के लाभ का अनुमान है।

 

मंत्री श्री चौधरी ने बताया किसरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि भूमि पर लागू ढाई गुना मूल्यांकन, शहरों और गाँवों में कई प्रकार के अतिरिक्त मूल्यांकन तथा भूमि पर लगे वृक्षों के अलग मूल्यांकन जैसे प्रावधानों को भी समाप्त किया है, इससे जनता पर अनावश्यक आर्थिक बोझ कम हुआ है और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिला है। शहरी मध्यमवर्गीय परिवारों को राहत देते हुए अब फ्लैट का मूल्यांकन सुपर बिल्ट-अप एरिया के बजाय केवल बिल्ट-अप एरिया के आधार पर किए जाने का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही बाउंड्री वॉल, प्लिंथ आदि जैसे कारणों से होने वाले अनावश्यक अतिरिक्त मूल्यांकन को भी समाप्त किया गया है।

 

श्री चौधरी ने बताया कि किसानों के हित में भी सरकार ने महत्त्वपूर्ण कदम उठाए हैं। पहले दो-फसली भूमि, नकदी फसल, मछली पालन हेतु तालाब जैसी स्थितियों में अतिरिक्त मूल्यांकन कर आर्थिक भार बढ़ा दिया जाता था। अब इन सभी प्रावधानों को समाप्त कर कृषि भूमि के लेनदेन को अधिक सहज, न्यायसंगत और किफायती बनाया गया है। मंत्री ने सदन को अवगत कराया कि छत्तीसगढ़ उपकर अधिनियम, 1982 के अंतर्गत स्थावर संपत्ति के अंतरण पर उपकर का प्रावधान किया गया था। वर्ष 2023 में तत्कालीन सरकार द्वारा छत्तीसगढ़ रोजगार मिशन एवं राजीव गांधी मितान क्लब योजना के वित्तपोषण हेतु स्टांप शुल्क के अतिरिक्त 12 प्रतिशत की दर से उपकर अधिरोपित किया गया था। इसके कारण नागरिकों को संपत्ति के पंजीयन पर बाजार मूल्य का लगभग 0.60 प्रतिशत अतिरिक्त भार वहन करना पड़ रहा था।

 

वाणिज्यिक कर मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि वर्तमान में राजीव गांधी मितान क्लब योजना संचालित नहीं है तथा रोजगार संबंधी योजनाओं का वित्तपोषण अब राज्य के सामान्य बजट से किया जा रहा है। ऐसे में जिस उद्देश्य से यह उपकर लगाया गया था, वह अब प्रासंगिक नहीं रह गया है। इसी सोच के अनुरूप जनता को राहत प्रदान करने के लिए इस अनावश्यक उपकर को समाप्त करने का निर्णय लिया गया है।

मंत्री ने बताया कि वर्ष 2024-25 में राज्य सरकार को उपकर से लगभग 148 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ था तथा वर्तमान वित्तीय वर्ष में अब तक लगभग 150 करोड़ रुपये का उपकर प्राप्त हो चुका है। उपकर समाप्त होने से सरकार को राजस्व की हानि अवश्य होगी, किंतु इसका सीधा लाभ आम जनता को मिलेगा और यही सरकार की नीतियों का मूल केंद्र है।

उन्होंने आगे कहा कि इस संशोधन के माध्यम से छत्तीसगढ़ उपकर अधिनियम, 1982 की धारा 8, धारा 9 तथा अनुसूची में वर्णित उपकर संबंधी प्रावधानों को हटाने का प्रस्ताव किया गया है। अचल संपत्ति के अंतरण विलेखों के पंजीयन पर लगाया जाने वाला उपकर अब पूर्णतः समाप्त कर दिया जाएगा।

शासन के इस निर्णय और पंजीयन विभाग में किए गए सुधारों से प्रदेश की जनता को अनेक प्रत्यक्ष लाभ प्राप्त होंगे। संपत्ति के पंजीयन पर देय शुल्क में कमी आएगी, जमीन-मकान की रजिस्ट्री अधिक किफायती होगी, मध्यमवर्गीय एवं निम्न आय वर्गीय परिवारों को राहत मिलेगी, दस्तावेजों के पंजीयन में वृद्धि होगी, किसानों और परिवारों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा तथा संपत्ति का बाजार मूल्य और आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी।

मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार सदैव इस सिद्धांत पर चली है कि छत्तीसगढ़ की जनता पर अनावश्यक कर का बोझ नहीं होना चाहिए। यह निर्णय और सुधारों की यह श्रृंखला उन लाखों नागरिकों को राहत देने वाली है, जो अपनी जीवन भर की कमाई से जमीन खरीदते हैं, घर बनाते हैं। परिवार में संपत्ति का बंटवारा करते हैं अथवा अपने बच्चों के भविष्य के लिए संपत्ति का हस्तांतरण करते हैं। यह केवल कर में कमी नहीं, बल्कि जनता के परिश्रम, सपनों और अधिकारों के प्रति संवेदनशील शासन का परिचायक है। उन्होंने कहा कि विष्णु देव की सरकार आने के बाद पंजीयन विभाग में किए जाने वाले जनहितैषी सुधारों के कारण पंजीयन शुल्क में होने वाले रियायतों से प्रतिवर्ष 460 करोड़ का सीधा लाभ आमजनता को होगा।

अचल संपत्ति रजिस्ट्री पर उपकर समाप्त, आम नागरिकों को बड़ी राहत – मुख्यमंत्री श्री साय 

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ उपकर (संशोधन) विधेयक, 2026 के माध्यम से अचल संपत्ति की रजिस्ट्री पर लगाए गए 0.60 प्रतिशत उपकर को समाप्त करना हमारी सरकार का जनहित में लिया गया एक महत्वपूर्ण निर्णय है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार का स्पष्ट उद्देश्य है कि आम नागरिक, किसान और मध्यमवर्गीय परिवारों पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक आर्थिक बोझ न पड़े। राज्य में सुशासन, पारदर्शिता और जनकल्याण को केंद्र में रखते हुए हम लगातार कर व्यवस्था को सरल, न्यायसंगत और नागरिक-अनुकूल बना रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह निर्णय केवल कर में राहत नहीं, बल्कि उन लाखों परिवारों के सपनों को सम्मान देने की दिशा में एक सार्थक पहल है, जो अपनी मेहनत की कमाई से घर और जमीन खरीदते हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि इस कदम से संपत्ति के पंजीयन में वृद्धि होगी, आर्थिक गतिविधियों को गति मिलेगी और विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण को नई ऊर्जा प्राप्त होगी।

Related Posts

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बीजापुर में नक्सल-विरोधी अभियान में वीर जवानों की शहादत पर गहरी संवेदना व्यक्त की
छत्तीसगढ़

भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध बनाने के लिए कर्मचारी चयन मंडल का गठन– मुख्यमंत्री साय

March 20, 2026
छत्तीसगढ़ में जल क्रांति का नया अध्याय: जल जीवन मिशन 2.0 पर ऐतिहासिक एमओयू
छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ में जल क्रांति का नया अध्याय: जल जीवन मिशन 2.0 पर ऐतिहासिक एमओयू

March 20, 2026
प्रदेश के विकास में सबसे बड़ी बाधा नक्सलवाद को डबल इंजन की सरकार ने किया दूर : मुख्यमंत्री साय
छत्तीसगढ़

प्रदेश के विकास में सबसे बड़ी बाधा नक्सलवाद को डबल इंजन की सरकार ने किया दूर : मुख्यमंत्री साय

March 20, 2026
सभी के सहयोग से सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ विधानसभा बजट सत्र : मुख्यमंत्री ने सभी सदस्यों और अधिकारियों को दिया धन्यवाद
छत्तीसगढ़

सभी के सहयोग से सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ विधानसभा बजट सत्र : मुख्यमंत्री ने सभी सदस्यों और अधिकारियों को दिया धन्यवाद

March 20, 2026
ओडिशा के कटक स्थित एससीबी मेडिकल कॉलेज में हुई दुर्घटना पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जताया गहरा शोक
छत्तीसगढ़

मुख्यमंत्री 21 मार्च को सरगुजा और सूरजपुर जिले के दौरे पर

March 20, 2026
इस छोटी सी भूल की वजह से बंद हो जाएगा आपका Ration Card, जल्द करें ये काम..
छत्तीसगढ़

अब तीन महीने का राशन एक साथ मिलेगा, सरकार ने जारी किए आदेश

March 20, 2026

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Ad




Advertisement Carousel



×
Popup Image




POPULAR NEWS

RCB को मिली Green Signal, मैच नहीं होंगे शिफ्ट

RCB को मिली Green Signal, मैच नहीं होंगे शिफ्ट

December 7, 2025
Vande Bharat:स्लीपर का बड़ा अपडेट: बिहार-UP-दिल्ली यात्रियों के लिए अहम खबर

Vande Bharat:स्लीपर का बड़ा अपडेट: बिहार-UP-दिल्ली यात्रियों के लिए अहम खबर

December 6, 2025
Ganga Expressway:/ 15 जनवरी से 120 km/h रफ्तार से गाड़ियां दौड़ेंगी

Ganga Expressway:/ 15 जनवरी से 120 km/h रफ्तार से गाड़ियां दौड़ेंगी

December 7, 2025
Vande Mataram: गीत से विवाद तक… अब संसद का मामला

Vande Mataram: गीत से विवाद तक… अब संसद का मामला

December 7, 2025
मणिपुर में बड़े पैमाने पर राहत—20,591 नए घर तैयार, 56 हजार आवासों की मंजूरी के साथ केंद्र ने बढ़ाया सहयोग

मणिपुर में बड़े पैमाने पर राहत—20,591 नए घर तैयार, 56 हजार आवासों की मंजूरी के साथ केंद्र ने बढ़ाया सहयोग

December 11, 2025

EDITOR'S PICK

छत्तीसगढ़ में 24 से 27 सितंबर तक रायगढ़ समेत 16 जिलों में भरी बारिश का अलर्ट, मौसम विभाग ने जारी की चेतावनी

छत्तीसगढ़ में 24 से 27 सितंबर तक रायगढ़ समेत 16 जिलों में भरी बारिश का अलर्ट, मौसम विभाग ने जारी की चेतावनी

September 24, 2025
भीषण सड़क हादसा, ट्रेलर-कार टक्कर में पांच लोगों की दर्दनाक मौत, तीन गंभीर घायल

भीषण सड़क हादसा, ट्रेलर-कार टक्कर में पांच लोगों की दर्दनाक मौत, तीन गंभीर घायल

December 27, 2025
आज कितना बजे दिल्ली पहुंचेंगे पुतिन, जानिए कब होगा राष्ट्रपति भवन में आलीशान डिनर; जानें हर अपडेट

आज कितना बजे दिल्ली पहुंचेंगे पुतिन, जानिए कब होगा राष्ट्रपति भवन में आलीशान डिनर; जानें हर अपडेट

December 4, 2025
मेष और कन्या राशि वालों आज का दिन आपके लिए मौज मस्ती से भरा रहने वाला होगा, जाने बाकि राशियों का हाल!

इन 4 राशियों की आमदनी बढ़ने के संकेत, नौकरी में प्रमोशन के भी बन रहे योग; पढ़ें आज का राशिफल

January 28, 2026

About Us

dinkabhaskar.com दैनिक हिन्दी न्यूज वेबसाईट है और छत्तीसगढ़ का सर्वाधिक लोकप्रिय व सबसे ज्यादा पढ़ा जाने वाला न्यूज वेबसाईट है। dinkabhaskar.com पूरे छत्तीसगढ़ प्रदेश व रायगढ़ जिले की शासकीय व अर्द्धशासकीय योजनाओं के साथ सभी खबरों को प्राथमिकता के साथ प्रसारित करने में अपना महत्वपूर्ण योगदान देता है।

Contact Us
If you have any query regarding Site, Advertisement, and any other issue, please feel free to contact at
Amish kumari
prashantdinkabhsakr24@gmail.com

(Cell)- +91-7581801024

Branch Office :- Ward No 03 Azad Chowk Kirodimal Nagar Raigarh, Chhattisgarh (496001 )

Follow us

Categories

  • अन्य
  • खेल
  • छत्तीसगढ़
  • देश
  • मनोरंजन
  • राजनीतिक
  • रायगढ़
  • राशिफल
  • शिक्षा
  • होम

Recent Posts

  • अचल संपत्ति की रजिस्ट्री पर 0.60 प्रतिशत उपकर समाप्त,अचल संपत्ति रजिस्ट्री पर उपकर समाप्त- आम नागरिकों को बड़ी राहत – मुख्यमंत्री साय
  • भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध बनाने के लिए कर्मचारी चयन मंडल का गठन– मुख्यमंत्री साय
  • छत्तीसगढ़ में जल क्रांति का नया अध्याय: जल जीवन मिशन 2.0 पर ऐतिहासिक एमओयू
  • प्रदेश के विकास में सबसे बड़ी बाधा नक्सलवाद को डबल इंजन की सरकार ने किया दूर : मुख्यमंत्री साय
  • Privacy Policy
  • About Us

© 2025 DIN KA BHASKAR

No Result
View All Result
  • Home
  • छत्तीसगढ़
  • रायगढ़
  • देश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • राजनीतिक
  • राशिफल
  • शिक्षा
  • अन्य

© 2025 DIN KA BHASKAR