जम्मू-कश्मीर के सांसद इंजीनियर राशिद को टेरर फंडिंग मामले में बड़ी राहत मिली है। दिल्ली हाईकोर्ट ने उन्हें एक हफ्ते की अंतरिम जमानत दे दी है।
बीमार पिता से मिलने के लिए मिली राहत
कोर्ट ने राशिद को अपने बीमार पिता से मिलने के लिए यह अंतरिम जमानत दी है। आदेश में कहा गया है कि वह या तो अस्पताल में रह सकते हैं या उस घर पर, जहां उनके पिता मौजूद हैं।
पहले निचली अदालत ने किया था इनकार
हाल ही में राशिद ने दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर कर अपने पिता से मिलने की अनुमति मांगी थी। इससे पहले पटियाला हाउस कोर्ट ने उनकी अंतरिम जमानत की अर्जी खारिज कर दी थी। इसके बाद उन्होंने हाईकोर्ट का रुख किया और मानवीय आधार पर राहत देने की मांग की।
कौन हैं इंजीनियर राशिद?
इंजीनियर राशिद का असली नाम शेख अब्दुल राशिद है। वह जम्मू-कश्मीर के बारामूला लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं। राजनीति में आने से पहले वह करीब 10 साल तक सरकारी विभाग में इंजीनियर के तौर पर काम कर चुके हैं, इसी वजह से उन्हें ‘इंजीनियर राशिद’ कहा जाता है।
किस मामले में हैं जेल में बंद?
राशिद को साल 2017 के टेरर फंडिंग केस में UAPA के तहत गिरफ्तार किया गया था। वह 2019 से दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद हैं। हालांकि, उन्होंने हमेशा अपने ऊपर लगे आरोपों को नकारा है।
जेल में हमले की घटना भी आई थी सामने
सितंबर 2025 में तिहाड़ जेल के अंदर राशिद पर हमले की खबर सामने आई थी। बताया गया था कि कहासुनी के बाद कुछ ट्रांसजेंडर कैदियों ने उन पर हमला कर दिया था, जिसमें उन्हें हल्की चोटें आई थीं। दोनों पक्षों के बीच पहले से तनाव की बात भी सामने आई थी।
















