Chhatisgarh Latest News: रायपुर, 25 अगस्त 2026
छत्तीसगढ़ सरकार की ‘महतारी वंदन योजना’ प्रदेश की महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की नई गाथा लिख रही है। नारायणपुर जिले के सुदूर ग्राम कुंदला की निवासी श्रीमती उमिता कुमेटी के लिए यह योजना मुश्किल वक्त में एक मजबूत सहारा बनकर उभरी है।
रक्षाबंधन के पावन पर्व के अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय द्वारा महतारी वंदन योजना की 30वीं किस्त के रूप में एक हजार रुपए की राशि सीधे हितग्राहियों के खातों में अंतरित की गई। इस उपहार ने उमिता के परिवार में त्योहार की खुशियों को दोगुना कर दिया। उमिता ने इस राशि का उपयोग रक्षाबंधन के लिए मिठाइयां, उपहार और राखियां खरीदने में किया, जिससे उनके परिवार का पर्व उल्लास से भर गया।
बच्चों की पढ़ाई और स्वावलंबन को मिला बल
उमिता बताती हैं कि योजना से मिलने वाली नियमित आर्थिक सहायता से अब उन्हें अपने छोटे-छोटे खर्चों के लिए दूसरों पर आश्रित नहीं रहना पड़ता। यह राशि न केवल रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा कर रही है, बल्कि बच्चों की शिक्षा में भी मददगार साबित हो रही है। इस राशि से वे बच्चों के लिए किताबें, कॉपियां, पेन और अन्य शैक्षणिक सामग्री आसानी से खरीद पा रही हैं, जिससे बच्चों की पढ़ाई बिना किसी बाधा के जारी है।
आत्मविश्वास और सम्मान की नई उड़ान
उमिता कुमेटी का मानना है कि महतारी वंदन योजना महज एक वित्तीय सहायता नहीं है, बल्कि यह महिलाओं के आत्मविश्वास और सामाजिक सम्मान को बढ़ाने का सशक्त माध्यम है। हर महीने मिलने वाली निश्चित राशि से महिलाएं अपनी प्राथमिकताओं का निर्णय खुद ले पा रही हैं, जिससे परिवार के निर्णयों में भी उनकी भागीदारी मजबूत हुई है।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति दिल से आभार व्यक्त करते हुए उमिता कहती हैं,विष्णु भैया ने बहनों को रक्षाबंधन का उपहार देकर हमारे त्योहार की खुशियों को कई गुना बढ़ा दिया है। इसके लिए उन्हें कोटि-कोटि धन्यवाद। महतारी वंदन योजना हमारे परिवार के लिए उम्मीद और खुशियों का असली आधार बन चुकी है।
















