रूस के बश्कोर्तोस्तान गणराज्य में एक विश्वविद्यालय के विदेशी छात्रों के छात्रावास में शनिवार को चाकू से हमला किया गया। इस हमले में चार भारतीय छात्रों समेत कुल छह लोग घायल हो गए। मॉस्को स्थित भारतीय दूतावास ने देर रात घटना की पुष्टि करते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया है।
भारतीय दूतावास ने कहा कि घायलों को सही इलाज दिलाने के लिए वह रूसी अधिकारियों के लगातार संपर्क में है। कजान स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास के अधिकारियों को मदद के लिए ऊफा भेजा गया है। इस घटना की जानकारी नई दिल्ली स्थित विदेश मंत्रालय को भी दे दी गई है।
फिलहाल हमले के कारण साफ नहीं हो पाए हैं, लेकिन भारतीय अधिकारियों ने कहा है कि विदेशों में पढ़ने वाले छात्रों की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। दूतावास पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है और लगातार स्थिति की समीक्षा कर रहा है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, चाकू से लैस एक किशोर ऊफा स्थित स्टेट मेडिकल यूनिवर्सिटी के छात्रावास में घुस गया और वहां रह रहे छात्रों पर हमला कर दिया। गिरफ्तारी के दौरान आरोपी ने विरोध किया, जिसमें दो पुलिसकर्मी भी घायल हो गए। हमलावर ने खुद को भी नुकसान पहुंचाया है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, आरोपी 15 साल का किशोर है, जिसे गंभीर हालत में स्थानीय बच्चों के अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, चार छात्र और दो पुलिसकर्मी स्थानीय क्लीनिकल अस्पताल में इलाज करा रहे हैं। रूसी स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, सभी घायलों का उपचार जारी है और एक व्यक्ति की हालत गंभीर बनी हुई है।
मॉस्को से करीब 1,200 किलोमीटर दूर बश्कोर्तोस्तान की राजधानी ऊफा में इस घटना की उच्च स्तरीय जांच शुरू कर दी गई है। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि हमलावर का संबंध एक प्रतिबंधित नियो-नाजी संगठन से हो सकता है और हमले के दौरान उसने राष्ट्रवादी नारे भी लगाए थे। हालांकि, अधिकारियों ने अभी इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
















