1 अप्रैल से नए वित्त वर्ष की शुरुआत के साथ ही भारत में कई नियमों में बदलाव लागू हो गए हैं। इसी कड़ी में अब देश में आने वाले विदेशी नागरिकों के लिए ई-अराइवल कार्ड अनिवार्य कर दिया गया है।
सरकार ने साफ कर दिया है कि भारत आने वाले सभी विदेशी ट्रैवलर्स को अब ई-अराइवल कार्ड ऑनलाइन भरना होगा। पहले यह फॉर्म कागज पर दिया जाता था, लेकिन अब इसे पूरी तरह डिजिटल कर दिया गया है। यात्रियों को यह कार्ड भारत पहुंचने से 72 घंटे पहले तक भरकर जमा करना जरूरी होगा।
ई-अराइवल कार्ड भरने के लिए विदेशी नागरिक भारत के आधिकारिक वीजा पोर्टल indianvisaonline.gov.in या ‘इंडियन वीजा सु-स्वागतम’ मोबाइल ऐप का इस्तेमाल कर सकते हैं। यह नया सिस्टम पहले इस्तेमाल होने वाले डिसएम्बार्केशन फॉर्म (फॉर्म D) की जगह लाया गया है, जिसे फ्लाइट में कागज पर भरा जाता था।
इस कार्ड में यात्रियों से उनकी बेसिक जानकारी, यात्रा का विवरण, फ्लाइट डिटेल्स और संपर्क से जुड़ी जानकारी मांगी जाती है। फॉर्म भरने के बाद एक क्यूआर कोड जारी किया जाएगा, जिसे भारत पहुंचने पर एयरपोर्ट के इमीग्रेशन काउंटर पर दिखाना होगा। इसके बाद ही एंट्री की प्रक्रिया पूरी होगी।
यह ई-अराइवल कार्ड भारत के इमीग्रेशन डेटाबेस से जुड़ा होगा, जिससे अधिकारियों को विदेशी यात्रियों की जानकारी आसानी से मिल सकेगी और प्रक्रिया तेज होगी।
प्रक्रिया के तहत यात्रियों को पोर्टल या ऐप पर जाकर अपनी डिटेल्स भरनी होंगी, जैसे पासपोर्ट नंबर, फ्लाइट नंबर और यात्रा का उद्देश्य। फॉर्म सबमिट करने के बाद मिलने वाला क्यूआर कोड इस बात का प्रमाण होगा कि सभी जरूरी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं।
हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि ई-अराइवल कार्ड वीजा नहीं है। भारत आने के लिए विदेशी नागरिकों के पास वैध वीजा या OCI कार्ड होना अनिवार्य रहेगा। इसलिए यात्रियों को यात्रा से कम से कम 72 घंटे पहले यह प्रक्रिया पूरी कर लेनी चाहिए।















