WhatsApp के एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन फीचर को लेकर एक बार फिर विवाद खड़ा हो गया है। मेटा के इंस्टैंट मैसेजिंग प्लेटफॉर्म WhatsApp पर अमेरिका में एक नया मुकदमा दर्ज किया गया है। इस मुकदमे में दावा किया गया है कि कंपनी यूजर्स की निजी चैट्स पढ़ सकती है।
यह केस एक इंटरनेशनल ग्रुप की ओर से दायर किया गया है, जिसमें WhatsApp के एन्क्रिप्शन सिस्टम पर सवाल उठाए गए हैं। इस मामले पर टेस्ला और X के मालिक एलन मस्क ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा है कि WhatsApp पूरी तरह सुरक्षित नहीं है। वहीं, Signal ऐप की सुरक्षा को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं।
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, इंटरनेशनल ग्रुप ऑफ प्लेंटिफ का आरोप है कि मेटा रोजाना करोड़ों WhatsApp यूजर्स के मैसेज पढ़ती है और कंपनी का एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन का दावा सही नहीं है।
इन आरोपों पर WhatsApp के ग्लोबल हेड विल कैथकार्ट ने सफाई दी है। उन्होंने कहा कि यह सभी आरोप बेबुनियाद हैं। कैथकार्ट के मुताबिक, WhatsApp के मैसेज एंड-टू-एंड एन्क्रिप्टेड होते हैं और उनकी एन्क्रिप्शन कीज यूजर्स के फोन में ही रहती हैं, जिन तक मेटा की कोई पहुंच नहीं होती। उन्होंने यह भी कहा कि आरोप लगाने वाला ग्रुप पहले भी इस तरह के निराधार दावे करता रहा है।
वॉट्सऐप का प्राइवेसी दावा झूठा?
अमेरिका के सेन फ्रेंसिस्को डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में वॉट्सऐप के खिलाफ यह मुकदमा दायर किया गया है, जिसमें कहा गया है कि कंपनी एनक्रिप्शन फीचर के नाम पर यूजर्स को भ्रमित कर रही है। हालांकि, मेटा यूजर्स के चैट्स को गैरकानूनी तरीके से स्टोर करती है और उनमें की गई बातों को एनालाइज करती हैं ताकि इसका इस्तेमाल ऐड जेनरेशन के लिए किया जा सके।
भारत समेत कई देशों में भी उठे सवाल
वॉट्सऐप के एनक्रिप्शन फीचर पर भारत समेत कई देशों में भी सवाल उठाए जा चुके हैं। भारत के अलावा ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, मैक्सिको और दक्षिण अफ्रीका के प्लेन्टिफ ग्रुप ने वॉट्सऐप के एनक्रिप्शन फीचर वाले दावे को खोखला बताया है।
क्या वॉट्सऐप पर होगा एक्शन?
इस मामले में वॉट्सऐप पर एक्शन की संभावना बेहद कम है, क्योंकि ऐसे मामलों में कोर्ट को ठोस सबूत की जरूरत होती है। प्लेन्टिफ ग्रुप के लिए इस तरह के आरोप के लिए सबूत जुटाना मुश्किल है। ऐसे में आरोप साबित करने में काफी लंबा समय लग सकता है।
एलन मस्क भी उठा चुके हैं सवाल
वॉट्सऐप पर लगे इस आरोप पर एलन मस्क ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है। मस्क ने वॉट्सऐप को असुरक्षित बताया है। साथ ही, सिग्नल के एंड-टू-एंड एनक्रिप्शन पर भी मस्क ने सवाल उठा दिए हैं।
मेटा ने कहा आरोप बेबुनियाद
वॉट्सऐप के ग्लोबल हेड ने इन आरोपों को बेबुनियाद बता दिया है। मेटा ने वॉट्सऐप पर मुकदमा करने वाले वकीलों के खिलाफ केस करने की तैयारी की है। इसके लिए कंपनी कानूनी सलाह ले रही है। कंपनी के प्रवक्ता एंडी स्टोन ने वॉट्सऐप पर लगे इन आरोंपो को गलत बताया है।
















