होली, रंगों का त्योहार, हर साल बड़ी धूमधाम से मनाया जाता है। यह दो दिन मनाई जाती है — पहले दिन होलिका दहन और अगले दिन रंगों वाली होली। आमतौर पर रंगों वाली होली, होलिका दहन के अगले दिन खेली जाती है।
लेकिन 2026 में होली की तारीख को लेकर थोड़ी कन्फ्यूजन बनी हुई है। इसका कारण है 3 मार्च को लगने वाला चंद्र ग्रहण। इस वजह से इस साल होलिका दहन और रंगों वाली होली में एक दिन का अंतर आ गया है।
होली 2026 की तारीख
- होलिका दहन: 2 मार्च 2026
- रंगों वाली होली: 4 मार्च 2026
3 मार्च को ग्रहण होने के कारण न तो इस दिन होलिका दहन किया जाएगा और न ही रंगों वाली होली खेली जाएगी। हालांकि कुछ स्थानों पर 3 मार्च की शाम 6:46 के बाद होलिका दहन किया जा सकता है, लेकिन अधिकांश जगहों पर इसे 2 मार्च को ही मनाया जाएगा।
कौन-से रंग से खेलें होली
होली के दिन रंगों का चुनाव भी शुभता के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है:
- लाल रंग: भूमि पुत्र मंगल का प्रतीक, माइनिंग, रियल एस्टेट, बिल्डर्स और सिविल इंजीनियर्स के लिए शुभ।
- हरा रंग: बुध का रंग, बुद्धि और वाणी का प्रतीक, संगीतकार, शिक्षक, व्यापारी, वकील, विद्यार्थी, लेखक और कंप्यूटर इंजीनियर्स के लिए शुभ।
- पीला रंग: गुरु का प्रतीक, सोना, चांदी और अन्न से जुड़े व्यापारियों के लिए लाभदायक।
- नीला रंग: शनि ग्रह का रंग, अभिनेता, कलाकार, कंप्यूटर व्यवसायी, प्लास्टिक, ऑइलपेंट, लोहा व्यापारी और राजनीतिज्ञों के लिए शुभ।
इस साल होली के रंगों और तिथियों को ध्यान में रखकर इसे मनाने से त्योहार का आनंद और शुभता दोनों बढ़ सकती है।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। दिन का भास्कर एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
















