अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तय समय-सीमा खत्म होने के करीब आते ही अमेरिका और इजरायल ने ईरान पर हमले तेज कर दिए हैं। राजधानी तेहरान के दक्षिण-पश्चिम इलाके में एक रिहायशी इमारत पर हुए हवाई हमले में कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई। इस बारे में ईरानी मीडिया ने जानकारी दी है।
रिपोर्ट के मुताबिक, तेहरान स्थित शरीफ प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय को भी निशाना बनाया गया। हमलों में इमारतों को नुकसान पहुंचा है, वहीं विश्वविद्यालय के पास मौजूद प्राकृतिक गैस वितरण केंद्र पर भी असर पड़ने की बात कही गई है। बताया जाता है कि इस विश्वविद्यालय पर पहले भी कई देशों ने प्रतिबंध लगाए हैं, क्योंकि इसका संबंध ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम से रहा है, जिसे अर्धसैनिक बल रिवोल्यूशनरी गार्ड संचालित करता है। लगातार हमलों के चलते यह बल अब वैकल्पिक ठिकानों का इस्तेमाल कर रहा है।
वहीं, तेहरान में पूरी रात धमाकों की आवाजें सुनाई देती रहीं और कम ऊंचाई पर उड़ते लड़ाकू विमानों की गूंज भी घंटों तक जारी रही। इसी बीच सरकारी अखबार ‘ईरान’ की एक रिपोर्ट में बताया गया कि दक्षिण तेहरान के क़ोम शहर के एक रिहायशी इलाके में हुए हवाई हमले में कम से कम पांच लोगों की मौत हो गई। हालांकि, इस हमले में किसे निशाना बनाया गया, यह अभी साफ नहीं हो पाया है।
















