छत्तीसगढ़ के रायपुर नगर निगम ने संपत्ति कर बकायादारों को सख्त चेतावनी जारी करते हुए गुरुवार शाम तक टैक्स जमा करने का अंतिम मौका दिया है। निर्धारित समय सीमा के बाद भुगतान नहीं करने पर बकायादारों के खिलाफ कुर्की और सीलबंदी की कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही बकाया राशि पर 17 प्रतिशत अधिभार भी लगाया जाएगा।
खाली प्लॉट मालिक भी आए दायरे में
इस बार निगम ने कार्रवाई का दायरा बढ़ाते हुए खाली पड़े प्लॉट मालिकों को भी इसमें शामिल किया है। निगम प्रशासन का कहना है कि शहर में बड़ी संख्या में ऐसे प्लॉट हैं, जिन पर लंबे समय से टैक्स जमा नहीं किया गया है।
वसूली का लक्ष्य और अब तक की स्थिति
नगर निगम को इस वित्तीय वर्ष में 361 करोड़ रुपए संपत्ति कर वसूली का लक्ष्य मिला है। इसमें से अब तक करीब 320 करोड़ रुपए की वसूली की जा चुकी है, लेकिन अभी भी लगभग 40 हजार संपत्तियों पर टैक्स बकाया है। इनमें करीब 5 हजार ओपन प्लॉट शामिल हैं।
30 अप्रैल के बाद बढ़ा बोझ
निगम द्वारा 30 अप्रैल तक बिना अधिभार के टैक्स जमा करने की छूट दी गई थी, जो अब समाप्त हो चुकी है। इसके बाद बकायादारों को 17 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क के साथ टैक्स जमा करना होगा, जिससे उनकी देनदारी और बढ़ जाएगी।
ऑनलाइन भुगतान की सुविधा उपलब्ध
नागरिकों की सुविधा के लिए नगर निगम ने ऑनलाइन भुगतान की व्यवस्था भी उपलब्ध कराई है। ‘मोर रायपुर’ मोबाइल ऐप और निगम की आधिकारिक वेबसाइट के जरिए घर बैठे टैक्स जमा किया जा सकता है।
कार्रवाई से बचने की अपील
निगम प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे समय पर अपना संपत्ति कर जमा करें, ताकि किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई और अतिरिक्त आर्थिक बोझ से बचा जा सके।















