Modi Cabinet Decisions केंद्र की मोदी सरकार (Modi Government) ने कैबिनेट मीटिंग में रेलवे कर्मचारियों और दिव्यांगों के लिए बड़े फैसले लिए हैं। केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि कैबिनेट ने रेलवे कर्मचारियों को 78 दिन का परफॉर्मेंस लिंक्ड बोनस (Railway Employees Bonus) देने की मंजूरी दी है। इसके साथ ही दिव्यांगों को पेंशन देने के नियम आसान किए गए हैं। सरकार ने सोशल सिक्योरिटी नेट के लिए 53 हजार 428 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। वहीं IDBI बैंक के पुनर्गठन का भी फैसला लिया गया है।
रेलवे कर्मचारियों को 78 दिन का बोनस
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव (Ashwini Vaishnav) ने बताया कि सरकार ने रेलवे के करीब 11.50 लाख कर्मचारियों को 78 दिन का परफॉर्मेंस लिंक्ड बोनस देने की मंजूरी दी है। इसके लिए करीब 2009 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि रेलवे कर्मचारी त्योहारों के दौरान भी अपने परिवारों से दूर रहकर पटरियों, ट्रेनों और वर्कशॉप में लगातार काम करते हैं। यह बोनस उनके लिए दिवाली का तोहफा है। मंत्री ने अपने बयान में कर्मचारियों की संख्या करीब 11.40 लाख भी बताई।
अब 40% दिव्यांगता पर भी मिलेगी पेंशन
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि दिव्यांगों को पेंशन देने के नियम आसान किए गए हैं। पहले कम से कम 80% दिव्यांगता होने पर ही पेंशन मिलती थी। अब इस सीमा को घटाकर 40% कर दिया गया है। यानी 40% दिव्यांगता वाले लोग भी पेंशन के हकदार होंगे। उन्होंने बताया कि अब दिव्यांगों को जन्म से ही पेंशन योजना के तहत कवर किया जाएगा। पहले यह पेंशन 18 साल की उम्र से दी जाती थी। इससे पेंशन पाने वालों की संख्या बढ़ेगी और ज्यादा लोगों को सामाजिक सुरक्षा का लाभ मिलेगा।
सोशल सिक्योरिटी नेट के लिए 53 हजार 428 करोड़ रुपये
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि सरकार ने देश में सोशल सिक्योरिटी नेट को बढ़ाने और इसका दायरा बढ़ाने का फैसला लिया है। इसके लिए 53,428 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है। सरकार का लक्ष्य साल 2031 तक इसके दायरे को बढ़ाना है।
IDBI बैंक के पुनर्गठन का फैसला
कैबिनेट ब्रीफिंग के दौरान अश्विनी वैष्णव ने बताया कि सरकार ने IDBI बैंक का रणनीतिक पुनर्गठन करने का फैसला लिया है। उन्होंने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था तेजी से आगे बढ़ रही है। आने वाले सालों में नए मौकों का फायदा उठाने और विकास की रफ्तार बनाए रखने के लिए बड़े पैमाने पर कैपिटल की जरूरत होगी। उन्होंने बताया कि पिछली तिमाही में देश की GDP ग्रोथ रेट 7.8% रही है। IMF और विश्व बैंक जैसी वैश्विक संस्थाओं ने भी भारत की विकास दर के अनुमान बढ़ाए हैं। केंद्रीय मंत्री के मुताबिक IMF ने वित्त वर्ष 2024-25 के लिए भारत की ग्रोथ 7% रहने का अनुमान जताया था।
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सरकार और LIC के पास रहेगी 34% हिस्सेदारी
Modi Cabinet Decisionsअश्विनी वैष्णव ने बताया कि IDBI बैंक के पुनर्गठन के तहत भारत सरकार और LIC मिलकर बैंक में 34% हिस्सेदारी बनाए रखेंगे। इससे भविष्य में सरकार और LIC की हिस्सेदारी की कीमत बढ़ने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि इस फैसले से IDBI बैंक और वित्तीय सेवा क्षेत्र में नया कैपिटल आएगा। इससे छोटे और मध्यम उद्योगों (MSMEs), छोटे कारखानों, नए कारोबार शुरू करने वालों और सर्विस सेक्टर में काम करने वाले लोगों के लिए आगे बढ़ने के नए मौके बनेंगे। साथ ही, भारत के वित्तीय सेवा क्षेत्र में विदेशी निवेश (FDI) बढ़ाने में भी मदद मिल सकती है
















