तेहरान में ईरान सरकार के खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शनों के दौरान हालात बेहद हिंसक हो गए हैं। प्रदर्शन उग्र होते देख ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई ने सुरक्षा बलों को प्रदर्शनकारियों पर गोली चलाने के आदेश दिए। इस कार्रवाई में अब तक 217 प्रदर्शनकारियों की मौत का दावा किया जा रहा है।
दरअसल, एक स्थानीय डॉक्टर ने नाम गोपनीय रखने की शर्त पर टाइम मैगजीन को बताया कि राजधानी तेहरान के केवल छह अस्पतालों में ही कम से कम 217 प्रदर्शनकारियों की मौत दर्ज की गई है। इनमें से ज्यादातर लोगों की मौत गोली लगने से हुई है।
डॉक्टर के अनुसार, मृतकों में बड़ी संख्या युवाओं की है। उन्होंने बताया कि उत्तरी तेहरान के एक पुलिस स्टेशन के बाहर सुरक्षा बलों द्वारा मशीन गन से की गई अंधाधुंध फायरिंग में कई प्रदर्शनकारी मौके पर ही मारे गए।
वहीं, वाशिंगटन डीसी स्थित ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट न्यूज एजेंसी, जो सिर्फ पहचान हो चुके पीड़ितों की गिनती करती है, ने विरोध प्रदर्शनों की शुरुआत से अब तक कम से कम 63 मौतों की पुष्टि की है।
ट्रंप की चेतावनी को चुनौती
अगर मृतकों की संख्या की स्वतंत्र पुष्टि होती है, तो यह उस आशंका को और मजबूत कर देगा, जो गुरुवार रात से देशभर में इंटरनेट और फोन सेवाएं लगभग पूरी तरह बंद किए जाने से जताई जा रही है। यह स्थिति अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए भी एक बड़ी चुनौती बन सकती है, क्योंकि उन्होंने पहले ही चेतावनी दी थी कि यदि 28 दिसंबर से चल रहे प्रदर्शनों के दौरान प्रदर्शनकारियों की हत्या की गई, तो ईरान को इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।
ट्रंप पहले भी दे चुके हैं चेतावनी
इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा, “अगर ईरान शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर गोली चलाता है और उनकी हत्या करता है, जो कि उनका पुराना तरीका रहा है, तो अमेरिका उन्हें बचाने के लिए तैयार रहेगा।”
ईरान में क्यों भड़के हैं प्रदर्शन?
गौरतलब है कि ईरान में महंगाई, कमजोर होती मुद्रा और आर्थिक बदहाली के खिलाफ जनता सड़कों पर उतर आई है। ये प्रदर्शन देश के लगभग सभी 31 प्रांतों में फैल चुके हैं। इस बीच ट्रंप की धमकी से हालात और ज्यादा तनावपूर्ण हो गए हैं, जबकि ईरान सरकार ने भी सख्ती के संकेत दिए हैं।
“गोली लगे तो शिकायत मत करना”
उधर, सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई ने ट्रंप पर तीखा हमला करते हुए कहा कि इस्लामिक गणराज्य ऐसे उपद्रवियों के आगे नहीं झुकेगा, जो ट्रंप को खुश करने की कोशिश कर रहे हैं। इसी दौरान ईरान सरकार ने चेतावनी दी कि प्रदर्शनकारियों को मौत की सजा तक का सामना करना पड़ सकता है। सरकारी टीवी पर इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड के एक अधिकारी ने माता-पिता से अपने बच्चों को प्रदर्शनों से दूर रखने की अपील करते हुए कहा,“अगर… गोली लग जाए, तो शिकायत मत करना।”
















