यूरोप इस समय भीषण गर्मी की मार झेल रहा है, जहां फ्रांस में दो बच्चों समेत 18 लोगों की मौत हो चुकी है. वैज्ञानिकों के अनुसार इसके पीछे ओमेगा ब्लॉक नाम का खतरनाक मौसमीय पैटर्न है, जिसने गर्म हवाओं को यूरोप के ऊपर ‘लॉक’ कर दिया है.
: जहां कभी लोग सुहाने मौसम की उम्मीद में जाते थे, आज वहां आसमान से मानों आग बरस रही है. यूरोप इस समय एक ऐसी जानलेवा हीटवेव की चपेट में है, जिससे अब तक कई परिवार को उजाड़ दिया है. फ्रांस में दो मासूम बच्चों समेत 18 लोगों की इसी मौसम के कारण जान जा चुकी है, तो वहीं ब्रिटेन से लेकर इटली तक हाहाकार मचा है. आखिर अचानक यूरोप का मौसम इतना खतरनाक कैसे हो गया? वैज्ञानिकों ने इसके पीछे आसमान में बन रही विलेन को ओमेगा ब्लॉक बताया है. आखिर क्या है ओमेगा ब्लॉक, जिसने यूरोप में कहर बरपाया है.
क्या है ओमेगा ब्लॉक
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक इस तबाही के पीछे का कारण ओमेगा ब्लॉक है. यह एक आसमान में बनने वाला स्थिर पैटर्न है, जहां एक हाई-प्रेशर सिस्टम, दो लो-प्रेशर सिस्टम के बीच में फंस जाता है. इसके कारण मौसम एक ही जगह पर कई दिनों के लिए रुक जाता है. यह हवा को आगे नहीं बढ़ने देता और उत्तरी अफ्रीका से आने वाली गर्म हवा को सीधे यूरोप की ओर खींचने का काम करता है.
हीट डोम
ओमेगा ब्लॉक के कारण से यूरोप के ऊपर एक हीट डोम बन गया है. हीट डोम किसी पतीले पर रखे ढक्कन की तरह काम करता है, जो गर्म हवा को नीचे ही दबाकर रख देता है, जिससे तापमान लगातार बढ़ता ही चला जाता है.
इन देशों में हालात सबसे खराब
फ्रांस के बोर्डो शहर में तापमान 41.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है, जिसने पिछले साल अगस्त का रिकॉर्ड तोड़ दिया है. कुछ इलाकों में तो पारा 42 डिग्री को भी पार कर गया है. प्रशासन को डर है कि कहीं ये हालात साल 2003 की उस भयानक हीटवेव जैसे न हो जाएं, जिसमें 15,000 लोगों की जान चली गई थी. गर्मी से बचने के लिए नदियों और झीलों में नहाने उतरे कई लोगों की डूबने से मौत की खबरें भी सामने आ रही हैं.
ब्रिटेन
बात करें ब्रिटेन की तो वहां इस सप्ताह तापमान 39 डिग्री तक पहुंचने का अनुमान है. अगर ऐसा हुआ तो जून के महीने में गर्मी का 1957 का ऑल-टाइम रिकॉर्ड टूट जाएगा. ब्रिटिश मौसम विभाग ने हीट-हेल्थ अलर्ट और रेड अलर्ट जारी किया है. परेशान करने वाली बात यह है कि एक ओर जहां पूरा देश झुलस रहा है, वहीं लंदन में अचानक तेज गरज के साथ बारिश देखी गई है, जो मौसम के इस बड़े उतार-चढ़ाव को दिखाती है.
स्पेन और इटली
स्पेन साल 2026 की अपनी पहली भीषण हीटवेव का सामना स्पेन और इटली कर रहा है, जहां जंगलों में आग लगने का खतरा कई गुना बढ़ गया है. वहीं इटली ने देश के 12 बड़े शहरों के लिए रेड अलर्ट जारी कर दिया है.














