Voter List Update चुनाव आयोग ने गुरुवार को 17 राज्यों में विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (SSR) 2027 का ऐलान कर दिया है। दी गई जानकारी के अनुसार, ड्राफ्ट लिस्ट 12 नवंबर को आएगी और फाइनल लिस्ट 4 जनवरी 2027 को प्रकाशित होगी। SIR वाले राज्यों के लिए शेड्यूल बाद में आएगा। जानकारी के अनुसार, निर्वाचन आयोग ने 1 जनवरी 2027 को क्वालिफाइंग डेट मानकर SSR का कार्यक्रम जारी कर दिया है।
चुनाव आयोग ने क्या बताया?
चुनाव आयोग ने अपने नोटिस में कहा- “जैसा कि आप जानते हैं, आयोग ने 29.09.2026 को छूटे हुए / युवा / पहली बार योग्य मतदाताओं के नामांकन के लिए एक विशेष अभियान चलाने के निर्देश जारी किए थे। अब, 1 जनवरी, 2027 को क्वालिफाइंग डेट मानकर योग्य मतदाताओं के नामांकन की सुविधा के लिए, साथ ही 1 अप्रैल, 1 जुलाई और 1 अक्टूबर, 2027 की आगामी तीन क्वालिफाइंग डेट के लिए एडवांस आवेदन लेने के लिए, आयोग निर्देश देता है कि उपरोक्त राज्यों / केंद्र शासित प्रदेशों में मौजूदा वोटर लिस्ट का जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 21 के तहत 01.01.2027 को क्वालिफाइंग डेट मानकर विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (SSR) किया जाए, जिसमें वे राज्य भी शामिल हैं जहां अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं। उन राज्यों / केंद्र शासित प्रदेशों में जहां SIR चल रहा है या अभी-अभी पूरा हुआ है (जैसे आंध्र प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, चंडीगढ़, दादरा और नगर हवेली, दमन और दीव, हरियाणा, झारखंड, कर्नाटक, महाराष्ट्र, मेघालय, मिजोरम, नगालैंड, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली, ओडिशा, सिक्किम, त्रिपुरा और तेलंगाना), SSR का शेड्यूल बाद में घोषित किया जाएगा। साथ ही, 3 राज्यों / केंद्र शासित प्रदेशों – हिमाचल प्रदेश, जम्मू और कश्मीर और लद्दाख, जहां SIR अभी शुरू नहीं हुआ है, वहां मौसम की स्थिति को देखते हुए रोल रिवीजन का शेड्यूल नियत समय में घोषित किया जाएगा।”
विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण का कार्यक्रम इस प्रकार रहेगा:
पोलिंग स्टेशनों का युक्तिकरण / पुनर्व्यवस्था- 02.11.2026 तक
एकीकृत ड्राफ्ट वोटर लिस्ट का प्रकाशन- 12.11.2026
दावे-आपत्तियां दर्ज करने की अवधि- 12.11.2026 से 11.12.2026
दावे-आपत्तियों का निपटारा- 28.12.2026 तक
अंतिम वोटर लिस्ट का प्रकाशन- 04.01.2027
चुनाव आयोग ने कहा है कि जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 13CC के तहत, वोटर लिस्ट को तैयार करने, पुनरीक्षण और सुधार करने में लगा कोई भी अधिकारी चुनाव आयोग में प्रतिनियुक्ति (डेपुटेशन) पर माना जाएगा और जिस अवधि के दौरान वह इस काम पर तैनात है, उस दौरान वह चुनाव आयोग के नियंत्रण, अधीक्षण और अनुशासन के अधीन रहेगा। बता दें कि इससे पहले चुनाव आयोग ने SIR पर सियासी घमासान के बीच एक्शन तेज कर दिया है और कटे नाम जोड़ने की मुहिम तेज हो गई है।
मुख्य सचिवों को निर्देश
संविधान के अनुच्छेद 324 के तहत आयोग ने सभी राज्यों के मुख्य सचिवों को निर्देश दिया है कि CEO, DEO, ERO, AERO, BLO सुपरवाइजर और BLO सहित वोटर लिस्ट के काम में लगे सभी अधिकारियों को पर्याप्त मैनपावर और संसाधन दिए जाएं। SSR अवधि के दौरान कोई भी DEO/ERO/AERO का पद खाली नहीं रहेगा। ड्राफ्ट रोल के प्रकाशन से लेकर फाइनल रोल के प्रकाशन तक SSR से जुड़े किसी भी अधिकारी का ट्रांसफर चुनाव आयोग की पूर्व अनुमति के बिना नहीं होगा। यदि ट्रांसफर जरूरी हुआ तो पूरा कारण बताते हुए प्रस्ताव मुख्य निर्वाचन अधिकारी के माध्यम से चुनाव आयोग को भेजना होगा।
कोई भी योग्य नागरिक न छूटे
Voter List Updateसंबंधित विधानसभा क्षेत्र के ERO की जिम्मेदारी होगी कि कोई भी योग्य नागरिक वोटर लिस्ट में जुड़ने से न छूटे और कोई अयोग्य व्यक्ति न जुड़े। संविधान के अनुच्छेद 326 और जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 की धारा 16 और 19 के तहत हर योग्य व्यक्ति को मतदाता बनाया जाएगा। ERO इन लोगों से अधिकतम आवेदन लेना सुनिश्चित करेगा-:
















