संसद का मानसून सत्र पूरी तरह से वॉशआउट हो गया है। लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही अनिश्चिकाल के लिए स्थगित कर दी गई है। 21 जुलाई से शुरू हुआ संसद का मानसून सत्र कई राजनीतिक टकरावों का गवाह बना। सरकार और विपक्ष के बीच गतिरोध खत्म नहीं हो पाया। सत्र की समाप्ति पर लोकसभा अध्यक्ष ने परंपरा के मुताबिक, चाय पार्टी यानि TEA पार्टी का आयोजन किया। इससे जुड़ी बड़ी खबर ये है कि कांग्रेस और विपक्षी सांसदों ने स्पीकर की चाय पार्टी का बॉयकॉट किया है। कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के सांसद स्पीकर की टी पार्टी में शामिल नहीं हुए हैं। विपक्ष की ओर से DMK के सिर्फ एक सांसद स्पीकर की चाय पार्टी में शामिल हुए हैं।
आज मानसून सत्र का आखिरी दिन भी संसद में गतिरोध नहीं टूटा। इससे पहले केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने लोकसभा स्पीकर को चिट्ठी लिखकर विपक्ष के बात करने और चर्चा करवाने की अपील की थी। शाह ने कहा था कि वो चर्चा बाद हर सवाल का जवाब देने को तैयार हैं लेकिन विपक्ष के नेता राहुल गांधी अपनी जिद पर अड़े रहे। उनका कहना था अमित शाह के भाषण में उनकी कोई दिलचस्पी नहीं है।
एक तरफ जहां लोकसभा की कार्यवाही शुरू होते ही स्थगित हो गई। स्पीकर ओम बिरला ने विपक्ष के हंगामे के चलते सदन की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी। वहीं, राज्यसभा की कार्रवाई में आज खान और खनिज (विकास और विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 पारित किया गया। इसके बाद राज्यसभा की कार्यवाही भी अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई। इसी के साथ मानसून सत्र समाप्त हो गया।
लोकसभा में सिर्फ 1 दिन ही चर्चा हो पाई- किरेन रिजिजू
संसद का मानसून सत्र खत्म होने के बाद केंद्रीय संसदीय मंत्री कार्यमंत्री किरेन रिजिजू ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि संसदीय सत्र में 12 बिल पास हुए। लोकसभा में सिर्फ 19 फीसदी काम हुआ। लोकसभा में सिर्फ 1 दिन ही चर्चा हो पाई, नए सासंदों को अच्छी चर्चा का मौका नहीं मिला। लोकसभा में विपक्ष ने सदन में चर्चा नहीं होने दी और चर्चा से भागने के लिए बहाने बनाए। विपक्षी सांसद सिर्फ नारेबाजी के लिए संसद आए। संसदीय लोकतंत्र के लिए ये ठीक नहीं है।
विपक्षी सांसदों ने स्पीकर की चाय पार्टी का बॉयकॉट किया
लोकसभा स्पीकर ओम बिरला की चाय पार्टी का कांग्रेस और विपक्षी सांसदों ने बहिष्कार किया। स्पीकर की क्लोजिंग स्पीच ना देने से विपक्षी दल नाराज हैं। DMK के सिर्फ एक सांसद स्पीकर की चाय पार्टी में शामिल हुए।
राज्यसभा और लोकसभा दोनों की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित
राज्यसभा ने खान और खनिज (विकास और विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 पारित किया। राज्यसभा और लोकसभा दोनों की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई। संसद का मानसून सत्र समाप्त हो गया।
राज्यसभा में खरगे ने उठाया शुद्धिकरण का मुद्दा
राज्यसभा में कार्यवाही जारी है। इस बीच कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने शुद्धकरण का मुद्दा उठाया। खरगे ने कहा कि उत्तराखंड में मेरे भाषण के बाद मैदान का शुद्धिकरण किया गया। वहीं, इस पर जेपी नड्डा ने कहा, हलद्वानी में जो हुआ वो दुखद है। शुद्धिकरण मामले की सरकार जांच कराएगी।
खरगे ने आरोप लगाया कि बीजेपी के लोग थे। इस पर जेपी नड्डा ने कहा है बीजेपी के लोग नहीं थे लेकिन हम जांच करेंगे। जिन लोगों ने शुद्धिकरण किया वो किस पार्टी या संगठन से संबंध थे, जिन्होंने किया था उनसे बात भी करिए।
लोकसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित
लोकसभा की कार्यवाही शुरू होते ही वंदे मातरम गीत गाया गया। इसके बाद सदन की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई।
विपक्ष अब अमित शाह के इस्तीफे पर अड़ा
पहले छात्रों के प्रदर्शन पर चर्चा की मांग को लेकर प्रोटेस्ट हुआ। फिर गृहमंत्री अमित शाह का बयान देने की मांग पर विपक्ष अड़ा रहा। अब जब अमित शाह संसद में बयान देने के लिए तैयार हैं तो विपक्ष उनकी इस्तीफे की मांग कर रहा है। विपक्ष का कहना है कि टर्म एंड कंडीशन के साथ संसद में चर्चा नहीं हो सकती है यानि कुल मिलाकर कहें तो आज भी संसद में हंगामा देखने को मिलेगा।
क्या आज संसद चलेगी?
संसद के मॉनसून सत्र का आज आखिरी दिन है। ऐसे में सवाल ये है कि क्या आज संसद चलेगी क्योंकि 20 जुलाई से लेकर अब तक संसद में सिर्फ 19 घंटे काम हुए। समझिए कम से 108 घंटे का काम काज होना चाहिए था लेकिन सिर्फ 19 घंटे। अगर एवरेज निकालेंगे तो रोजाना लोकसभा सिर्फ 60 मिनट ही चली है। इस दौरान 11 बिल पास किए गए। दो बिल तो चर्चा के बाद पास हुई लेकिन 9 बिल ऐसे थे, जिस पर ना तो चर्चा हुई ना कोई बहस हुई। बस हंगामे के बीच पेश किया गया और ध्वनीमत से पास कर दिया गया।
















