राज्य सरकार ने धान खरीदी प्रक्रिया को और अधिक सुगम बनाने के उद्देश्य से बड़ा कदम उठाया है। किसानों को राहत देते हुए अब तूहर टोकन ऐप को 24 घंटे, सातों दिन चालू कर दिया गया है, जिससे टोकन कटवाने के लिए तय समय की बाध्यता समाप्त हो गई है और किसान अपनी सुविधा के अनुसार किसी भी वक्त दिन या रात टोकन बुक कर सकेंगे।
राज्य सरकार ने धान खरीदी व्यवस्था को आसान बनाने के लिए नई पहल की है। किसानों की सुविधा बढ़ाते हुए तूहर टोकन ऐप को अब चौबीसों घंटे चालू कर दिया गया है, जिससे टोकन लेने के लिए तय समय की पाबंदी खत्म हो गई है और किसान अपनी जरूरत के मुताबिक कभी भी टोकन बुक कर सकेंगे।
सरकार के नए प्रावधान से किसानों को बड़ी सुविधा मिलने वाली है। तय व्यवस्था के अनुसार किसान 13 जनवरी तक अगले 20 दिनों के लिए अग्रिम रूप से टोकन हासिल कर सकेंगे, जिससे धान बेचने की तैयारी बेहतर तरीके से की जा सकेगी। इस व्यवस्था से टोकन बनवाने के दौरान लगने वाली भीड़ कम होगी और तकनीकी दिक्कतों का दबाव भी काफी हद तक घटने की उम्मीद है।
समस्याओं से मिली बड़ी राहत :
राज्य सरकार ने लघु और सीमांत किसानों को राहत देते हुए नई व्यवस्था लागू की है। दो एकड़ या उससे कम भूमि रखने वाले किसान अब 31 जनवरी तक तूहर टोकन ऐप के जरिए टोकन प्राप्त कर सकेंगे। यह सुविधा छोटे किसानों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए उपलब्ध कराई गई है। साथ ही स्पष्ट किया गया है कि टोकन संबंधित सहकारी समितियों को निर्धारित सीमा के भीतर ही जारी किए जाएंगे। किसानों से आग्रह किया गया है कि वे समय रहते ऐप के माध्यम से टोकन लेकर किसी तरह की परेशानी से बचें।
किसानों के लिए सुविधाजनक और साफ़-सुथरी प्रणाली:
राज्य सरकार ने किसानों की सुविधा और व्यवस्था में पारदर्शिता को प्राथमिकता देते हुए अहम पहल की है। इसी नीति के तहत तूहर टोकन ऐप को चौबीसों घंटे संचालित किया गया है और टोकन लेने की समय सीमा समाप्त की गई है, ताकि किसान बिना किसी जल्दबाजी के अपनी सहूलियत के अनुसार टोकन बुक कर सकें। साथ ही दो एकड़ या उससे कम भूमि वाले किसानों के लिए टोकन अवधि बढ़ाने से छोटे किसानों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि किसान हितों की सुरक्षा और सुविधा के लिए आगे भी आवश्यक कदम उठाए जाते रहेंगे।















