एक ओर जहां ऑटोमोबाइल कंपनियां इन दिनों अपनी कारों पर लाख-लाख रुपये का डिस्काउंट दे रही हैं, वहीं बैंकिंग सेक्टर भी अपने ग्राहकों को लुभाने में लगे हैं. फेस्टिव सीजन से पहले देश के सबसे बड़े प्राइवेट बैंक एचडीएफसी (HDFC) बैंक ने अपने ग्राहकों को राहत देने का ऐलान किया है. बैंक ने एमसीएलआर (Marginal Cost of Funds-based Lending Rates) को चुनिंदा टेन्योर पर 5 बेसिस प्वाइंट (0.05%) तक घटा दिया है. इस फैसले से उन लाखों ग्राहकों को फायदा मिलेगा जिनके लोन MCLR से लिंक्ड हैं. EMI पर सीधा असर होगा और उधार लेना थोड़ा आसान हो जाएगा.
क्या हैं नई ब्याज दरें?
एचडीएफसी बैंक की ऑफिशियल वेबसाइट के अनुसार, नई दरें इस प्रकार हैं:
* ओवरनाइट और 1 महीने का MCLR: 8.55% (कोई बदलाव नहीं)
* 3 महीने का MCLR: 8.60%
यानि 6 महीने और 1 साल वाले लोन पर ईएमआई थोड़ी ही कम होगी. उदाहरण के लिए, अगर किसी का 50 लाख रुपये का होम लोन 20 साल की अवधि के लिए है, तो ईएमआई में करीब 250 से 300 रुपये प्रति माह तक की बचत हो सकती है।
MCLR क्या है?
MCLR वह न्यूनतम ब्याज दर है जिस पर कोई बैंक लोन दे सकता है. इसे RBI ने 2016 में लागू किया था. जब भी बैंक MCLR घटाता है, तो इसका सीधा असर लोन लेने वालों की ईएमआई पर पड़ता है.
एचडीएफसी के होम लोन रेट्स
एचडीएफसी बैंक के होम लोन रेपो रेट से लिंक्ड होते हैं. फिलहाल ये दरें 7.90% से 13.20% के बीच हैं, जो ग्राहक की प्रोफाइल (सैलरीड या सेल्फ-एम्प्लॉइड) पर निर्भर करती हैं.
FD रेट्स भी अट्रैक्टिव
लोन ही नहीं, एचडीएफसी बैंक एफडी पर भी अच्छे रिटर्न दे रहा है. बैंक 18 महीने से 21 महीने की एफडी पर सामान्य ग्राहकों को 6.60% और वरिष्ठ नागरिकों को 7.10% ब्याज दे रहा है।
ग्राहकों के लिए राहत
एचडीएफसी बैंक का यह कदम खासतौर पर उन लोगों के लिए राहत भरा है जिनके लोन लंबे समय के लिए हैं. घटती ब्याज दरों से उनकी ईएमआई पर बोझ कम होगा और फेस्टिव सीजन में खर्च करने की क्षमता बढ़ेगी.
* 6 महीने और 1 साल का MCLR: घटकर 8.65% (पहले 8.70%)
* 2 साल का MCLR: 8.70% (पहले 8.75%)
* 3 साल का MCLR: 8.75% (कोई बदला
व नहीं
















